ये जीवन है....
ये जीवन
सीधी रेखा तो नहीं,
यह तो एक वृत्त है
जहाँ हर अंत
नई शुरुआत को जन्म देता है...
कभी धूप की तेजी
कभी छाँव की ठंडक
कभी प्रश्नों के गूंजते स्वर
कभी मौन होता है इनका उत्तर...
हम तो यात्री हैं,
समय की राहों पर
सीखते हुए गिरते हैं
गिरकर फिर उठ जाते हैं..
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